शनिवार, 27 जनवरी 2024

*गांव के युवाओं की पहल से बदली श्मशान की तस्वीर,अब किसी पार्क सा नजर आ रहा सार्वजनिक मुक्तिधाम..*.


Anil vaishnav
Balotra
शमशान का नाम आते ही पहली तस्वीर सामने आती है उजाड़ पड़े स्थल की ,लेकिन बालोतरा जिले के आसोतरा गांव के युवाओं की नई सोच व पहल से सार्वजनिक श्मशान घाट की तस्वीर बदल दी,आज यह मुक्तिधाम किसी सार्वजनिक पार्क जैसा नजर आ रहा है,शमशान स्थल के चारो ओर चारदीवारी के बीच रंग बिरंगे फूल व हरियाली से सजा यह स्थल अपने बदलाव की कहानी बता रहा है।यंहा हर समाज के लिए अलग अलग पक्के शवदाह गृह बनाये गए,इस जगह पानी की समुचित व्यवस्था के लिए अलग अलग पानी के टांको का भी निर्माण किया गया।लोगो के बैठने के लिए बेंचेज लगाई गई है।
यही नही श्मशान स्थल पर शिव मंदिर के साथ पक्षियों के लिए एक बड़ा चुग्गा घर का भी निर्माण किया गया,जो वहां से गुजरने वालो को अपनी ओर आकर्षित करता है।ग्रामीणों के अनुसार  पहले बबूल की झाड़ियों से व उजाड़ से पड़ा श्मशान घाट में शव दाह के लिए आने वाले ग्रामीणों को परेशानी झेलनी पड़ती थी ,छांव व पानी की कोई व्यवस्था नही थी।लेकिन गांव के युवाओं ने एक कमेटी का बना कर इसकी तस्वीर बदलने की सोची।युवाओ ने जनसहयोग से इसमें बदलाव लाया,पहले तो उन्हें इसका पुरानी सोच  व विचारधारा के चलते विरोध भी झेलना पड़ा,लेकिन गांव के युवाओं ने बीड़ा उठाते हुए श्मशान में चारदीवारी,पानी के टांको,सीसी सड़क सहित अलग अलग समाज के लिए पक्के शवदाह स्थल का निर्माण शुरू किया,।श्मशान स्थल पर आज छायादार पेड़ो के साथ फलदार पौधे भी लगाए गए है।बारिश के पानी को सहेजने के लिए टांको का निर्माण किया गया।
गांव के भंवरलाल चौधरी ने बताया कि गांव के अधिकांश युवा रोजगार के लिए देश के अलग अलग कोनो में अपना व्यवसाय कर रहे है,बड़े शहरों में आधुनिक व सुविधायुक्त श्मशान स्थल देख कर उन्होंने गांव में भी श्मशान स्थल को सुंदर व सुविधाजनक बनाने की शुरुआत की इस स्थल पर 2 हजार पौधों का वृक्षारोपण किया गया,आज इस स्थल पर लोग आते है तो उन्हें सकून मिलता है,बदलाव के बाद गांव के अन्य लोग भी सहयोग के लिए आगे आये जिसके चलते यंहा बदलाव देखने को मिल रहा है।आगे इस जगह बच्चों के लिए झूलो व रोशनी के लिए लाइट पोल लगाने की तैयारी चल रही है।
ग्रामीण भी अब इन युवाओं कि इस पहल की तारीफ कर रहे और यंहा हो रहे अन्य विकास में अपनी भागीदारी निभा रहे।श्मशान के पास ही गांव द्वारा संचालित गौ शाला को भी आधुनिक बनाने की शुरुआत की गई है,इस गौशाला में गांव के साथ आसपास के गांवों के आवारा गौवंश के लिए आशियाना बनाया जा रहा है।

बुधवार, 3 जनवरी 2024

"अब मुम्बई से सीधे रेलमार्ग से जुड़ेगा बाड़मेर-बालोतरा ,बाड़मेर-बांद्रा सप्ताह में दो दिन नियमित हमसफ़र एक्सप्रेस ट्रेन शुरू,केंद्रीयमंत्री कैलाश चौधरी आज करेंगे स्वागत।"

FOR. WEB


अब बाड़मेर से मुम्बई जाने वाले यात्रियों के राहत भरी खबर है,मुम्बई से बाड़मेर के बीच चलने वाली साप्ताहिक ट्रेन के दो फेरे नियमित होने से गुजरात,महाराष्ट्र सहित दक्षिण भारत जाने वाले यात्रियों के लिए आसानी रहेगी।
केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी के प्रयास से पहले इस ट्रेन को सप्ताह में एक बार ट्रायल के तौर पर संचालित किया जा रहा था,लेकिन स्थानीय लोगो की मांग पर अब इस ट्रेन को सप्ताह में दो बार नियमित चलाने की अनुमति मिल गई है।यह ट्रेन आज देर रात बाड़मेर से रवाना होकर बालोतरा पहुचेगी ,ट्रेन के बालोतरा पहुचने पर केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी ,विधायक अरुण चौधरी सहित भाजपा कार्यकर्ता ट्रेन का स्वागत करेंगे।यह ट्रेन बाड़मेर से रवाना होकर आज रात 12 बजे बालोतरा पहुचेगी।

केंद्रीय मंत्री व स्थानीय सांसद कैलाश चौधरी ने आमजन की भावनाओ को देखते हुए रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव से वार्ता कर इस ट्रेन को नियमित करने व सप्ताह में दो बार चलाने की मांग की थी जिस पर मंजूरी मिलने से स्थानीय लोगो मे उत्साह है।आजादी के बाद से पहली बार मुम्बई अब बाड़मेर में सीधे रेलमार्ग से जुड़ जाएगा जिसको लेकर लोगो मे भी उत्साह है।आज रात ट्रेन का केंद्रीय मंत्री ,स्थानीय विधायक सहित सैकड़ों लोगों की मौजूदगी में इसका स्वागत किया जाएगा।

बांद्रा टर्मिनस और बाड़मेर के बीच 02 जोड़ी हमसफ़र साप्ताहिक एक्सप्रेस का विवरण इस प्रकार है:

ट्रेन संख्या 12997 बांद्रा टर्मिनस-बाड़मेर हमसफर साप्ताहिक सुपरफास्ट एक्सप्रेस प्रत्येक बुधवार को 23.55 बजे बांद्रा टर्मिनस से प्रस्थान करेगी। और अगले दिन 17.55 बजे बाडमेर पहुंचेगी।यह ट्रेन 3 जनवरी 2024 से चलेगी। इसी प्रकार, ट्रेन संख्या 12998 बाडमेर-बांद्रा टर्मिनस स्पेशल प्रत्येक गुरुवार को 22.50 बजे बाडमेर से रवाना होगी और अगले दिन 15.50 बजे बान्द्रा टर्मिनस पहुंचेगी। यह ट्रेन 4 जनवरी 2024 से चलेगी।

ट्रेन दोनों दिशाओं में बोरीवली, वापी, वलसाड, सूरत, अंकलेश्वर, वडोदरा, आनंद, नडियाद, अहमदाबाद, मेहसाणा, पाटन, भीलड़ी, रानीवाड़ा, मारवाड़ भीनमाल, मोदरान, जालौर, मोकलासर, समदड़ी, बालोतरा और बायतू स्टेशनों पर रुकेगी। इस ट्रेन में एसी 3-टीयर और स्लीपर क्लास के डिब्बे हैं।
वही ट्रेन संख्या 19009 बांद्रा टर्मिनस-बाड़मेर हमसफर साप्ताहिक एक्सप्रेस प्रत्येक शुक्रवार को 19.25 बजे बांद्रा टर्मिनस से रवाना होगी। और अगले दिन 13.30 बजे बाडमेर पहुंचेगी। यह ट्रेन 5 जनवरी 2024 से चलेगी। इसी प्रकार, ट्रेन संख्या 19010 बाडमेर-बांद्रा टर्मिनस एक्सप्रेस प्रत्येक शनिवार को बाडमेर से 21.30 बजे प्रस्थान करेगी और अगले दिन 15.50 बजे बान्द्रा टर्मिनस पहुंचेगी। यह ट्रेन 6 जनवरी 2024 से चलेगी।
@⁨Arun Hrsh⁩ @⁨Ndtv Brijesh Tiwari⁩

रविवार, 17 दिसंबर 2023

माँ रूपादे मन्दिर के छठे वार्षिक पाटोत्सव में विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का हुआ आयोजन..

क्षेत्रवासियों के प्रेम, सौहार्द व माँ रूपादे जी के प्रति भक्तों की आस्था ने मन को मोहा- रावल किशनसिंह
माँ रूपादे मन्दिर के छठे वार्षिक पाटोत्सव में विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का हुआ आयोजन
तिलवाड़ा :- श्री रावल मल्लीनाथ श्री राणी रूपादे संस्थान (तिलवाड़ा) की ओर से पालियाधाम स्थित संत शिरोमणि श्री राणी रूपादे जी मन्दिर के छठे वार्षिक पाटोत्सव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। श्री श्री 1008 श्री पारसराम जी महाराज जेतेश्वर धाम (सिणधरी) व श्री श्री 1008 श्री भरतगिरि जी महाराज नागाजी का धुणा (बालोतरा) के पावन सानिध्य व संस्थान अध्यक्ष रावल किशनसिंह जसोल के मार्गदर्शन में छठे वार्षिक पाटोत्सव कार्यक्रम के तहत रात्रि जागरण, ध्वजपूजन, ध्वजारोहण व महाप्रसादी का आयोजन किया गया। वैदाचार्य श्री दीपक भट्ट, श्री नीतेश त्रिपाठी व पंडित श्री मनोहरलाल अवस्थी द्वारा गणपति पूजन, श्रीशुक्त, पुरुशुक्त, रुद्र्शुक्त, दुर्गासप्तशती पाठ, पंचांग पीठ पूजन, कलश पूजन, नवग्रह पूजन, सोड़समात्रिका पूजन, सप्तघृतमात्रिका पूजन, प्रधान देवी श्री राणी रूपादे जी का पूजन व हवन के साथ ध्वजपूजन किया गया। उसके बाद श्री रावल मल्लीनाथजी व उनकी राणी संत शिरोमणि श्री राणी रूपादे जी के समस्त भक्तों की ओर से मन्दिर शिखर पर गाजे बाजे के साथ छतिशी कौम की उपस्थिति में संस्थान अध्यक्ष रावल किशनसिंह जसोल द्वारा ध्वजा चढ़ाई गई। इस दौरान जयकारों से मन्दिर परिसर गुंजायमान हुआ। 

संस्थान प्रबंधन कमेटी सचिव सुमेरसिंह वरिया ने बताया कि पालियाधाम में संत शिरोमणि माँ श्री राणी रूपादे जी मन्दिर (पालियाधाम) के छठे वार्षिक पाटोत्सव कार्यक्रम को लेकर संस्थान की ओर से रंग बिरंगी रोशनी व फूलों से मन्दिर प्रांगण में आकर्षक सजावट की गई। साथ ही मन्दिर में विराजित माँ रूपादे जी की प्रतिमा का विशेष श्रृंगार किया गया। श्री राणी रूपादे मंदिर के छठे वार्षिक पाटोत्सव की पूर्व संध्या पर शतचंडी हवन व दुर्गा सप्तशती पाठ के साथ भजन संध्या का अयोजन हुआ। जागरण में स्थानीय भजन गायकों तेजाराम, हेमाराम, समर्थाराम द्वारा सुमधुर वाणी में रावल श्री मल्लीनाथ जी की शौर्य गाथाऍं, श्री रूपादे जी की वेल, मालदे जी की महिमा, श्री राणीसा भटियाणीसा के भजन आदि की समधुर वाणी में प्रस्तुतियां दी गई। श्री पारसराम जी महाराज (सिणधरी) ने कहा कि वर्तमान में शिक्षा का अधिक महत्व है। हम समाज में बालिकाओं को आगे लाकर शिक्षित करें। तथा धर्म के विषय पर चर्चा करते हुए कहा कि संस्कार व संयम रूपी पूंजी से जीवन को आगे बढ़ाने की दिशा मिलती है। सनातन धर्म हमारी सांस्कृतिक विरासत को संजोए हुए है। हमें इसका संरक्षण करना है। उन्होंने कहा कि वसुधैव कुटुंबकम धारणा के साथ मुख्य लक्ष्य सामाजिक, आर्थिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ समाज का विकास करना था ताकि देश और दुनिया एक ही समय में प्रगति कर सकें। कार्यक्रम में श्री भरतगिरी जी महाराज (बालोतरा) ने कहा कि व्यक्तिगत जीवन में आगे बढ़ने और भारत को फिर से विश्वगुरु बनाने के लिए प्रत्येक हिंदू को सनातन धर्म के सिद्धांतों को पूरी तरह से अपनाना होगा। वेदों, उपनिषेदों और गीता से सभी वैज्ञानिक प्रबंधन और जीवन कौशल का अध्ययन करना होगा और एकजुट हिंदू के रूप में समाज में आगे बढ़ना और काम करना होगा। संस्थान अध्यक्ष रावल किशनसिंह जसोल ने कहा कि पालियाधाम का नजारा मन को मोहित करने वाला है। ये स्थानीय क्षेत्रवासियों के प्रेम सौहार्द एवं माँ रूपादे जी के प्रति समस्त भक्तों की आस्था तथा माँ की असीम कृपा से ही संभव हुआ है। यंहा प्रमुख सन्त महात्माओं का आगमन हुआ है। कुछ दिनों पूर्व ही जगतगुरु शंकराचार्य श्री नरेंद्रानंद सरस्वती जी महाराज सुमेरूपीठ (काशी) ने पालिया धाम पधारकर मंदिर को निहारा था। उन्होंने कहा कि मनुष्य ईश्वर पर सच्ची श्रद्धा रखें तो नियति और ईमानदारी से सारे कार्य सिद्ध कर सकता है। साथ ही उन्होंने कहा कि आज के दौर में श्री राणी रूपादे जी के भजनों में बताये गए उपदेश और सत्य के मार्ग पर चलने से मनुष्य के सर्व कार्य सिद्ध होते हैं। श्री राणी रूपादे जी का मन्दिर पालियाधाम (तिलवाड़ा) छत्तीशी कौम की आस्था का प्रमुख केन्द्र है। यहां पर प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु दर्शन लाभ लेते हैं तथा उनकी सम्पूर्ण मनोकामनाएँ माँ रूपादे जी पुरी करती है। कार्यक्रम में राव किशनसिंह मेवानगर व राव योगेश सुंदेशा ने रावल मल्लीनाथ जी, श्री राणी रूपादेजी व श्री जगमाल जी उत्पति व वंश पर प्रकाश डालते हुए संक्षिप्त में जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान महाप्रसादी के लाभार्थी श्री मल्लीनाथ ट्रावेल्स (बालोतरा) भगवानसिंह जागसा व भभूतसिंह नोसर को संस्थान द्वारा स्मृति चिन्ह देते हुए सम्मानित किया गया।
यह रहे मौजूद 
इस शुभ अवसर पर पचपदरा विधायक अरुण चौधरी, संस्थान समिति सदस्य गुलाबसिंह डंडाली, मोहनसिंह बुड़ीवाडा, हडवंतसिंह नोसर, प्रवीणसिंह, भीमसिंह टापरा, विक्रमसिंह, शम्भूसिंह, गणपतसिंह असाड़ा, मांगुसिंह जागसा व सूरजभानसिंह दाखा, गणपतसिंह सिमालिया, ठा. गजेन्द्रसिंह जसोल, ऊदयसिंह डंडाली, दीपसिंह, स्वरूपसिंह, लाखसिंह, भगवानसिंह, मनोहरसिंह जागसा, शोभसिंह, भूपतसिंह, जोगसिंह, प्रेमसिंह, सुरेन्द्रसिंह असाड़ा, मनोहरसिंह टापरा, हेमसिंह, देवीसिंह, भगवतसिंह बुड़ीवाडा, गुमानसिंह मेवानगर, जालमसिंह, पिंटूसिंह नोसर, जेतमालसिंह राठौड़ आवासन मण्डल, सुजाराम सुन्देशा, अमराराम माली, मोहनभाई पंजाबी, राजेश भाई कौशल बालोतरा, देवाराम, गणपतलाल माली जसोल व मालाणी क्षेत्र के प्रबूद्धजनों सहित हजारों की संख्या में भक्तगण मौजूद रहे।

शुक्रवार, 6 अक्टूबर 2023

जसोलधाम ने विद्यालय को लिया गोद जल्द बनेगा 8.67 करोड़ की लागत का भवनजिला कलेक्टर बालोतरा को सौंपे निर्माण कार्य के दस्तावेज

जसोल- वर्तमान में शिक्षा के परिदृश्य को बेहतर बनाने में लिए हर कोई प्रयत्नशील है। उसी कड़ी में श्री राणी भटियाणी मन्दिर संस्थान (जसोलधाम) भी आगे आया है। संस्थान की और से रावल किशनसिंह जसोल ने बालोतरा जिले में शिक्षा के क्षेत्र में अपना नवाचार जोड़ते हुए महात्मा गांधी इंग्लिश मीडियम विद्यालय (आवासन मण्डल) बालोतरा को गोद लेने की घोषणा की थी। जिसको लेकर जिला कलेक्टर से कार्यों के दस्तावेज देकर स्वीकृति मांगी। मन्दिर संस्थान सदस्यों ने अतिरिक्त जिला कलेक्टर अश्विन के पँवार को दस्तावेज सौंपते हुए जल्द ही विभागीय स्वीकृति जारी करने की बात कही। संस्थान अध्यक्ष रावल किशनसिंह जसोल ने कहा कि लोगों की आम धारणा के तहत सरकारी स्कूलों में निजी स्कूलों की तुलना में कई सुविधाओं का अभाव है। यदि गैर-सरकारी संगठन और गैर-लाभकारी गैर सरकारी संगठन इन सरकारी स्कूलों को गोद लेने और उनकी मौजूदा स्थितियों में सुधार करने के लिए आगे आना शुरू कर दें तो यह धारणा एक दिन मिथक बन सकती है। हमने अब महात्मा गांधी इंग्लिश मीडियम विद्यालय जो कि एक सरकारी विद्यालय है उसे गोद लिया है। उन्होंने कहा कि संस्थान द्वारा निर्माण से संबंधित प्रक्रिया शुरू कर दी है। फिलहाल दस्तावेज तैयार करने के साथ और तकनीकी कार्य किया जा रहा है।
विभाग से स्वीकृति मिलने के बाद निर्माण का कार्य शुरू हो जाएगा। जिसे जल्द से जल्द पूरा करने का प्रयास रहेगा। उन्होंने कहा कि छात्र समाज, परिवार, समुदाय और राष्ट्र की रीढ़ और भविष्य हैं। नई इमारत बनने से स्कूल में स्थान की कमी झेल रहे विद्यार्थियों को जल्द राहत मिलेगी। गौरतलब है कि बालोतरा जिला बनने के बाद शहर के सरकारी विद्यालयों में शिक्षा का महत्व और बढ़ गया है वर्तमान में महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम स्कूल के विद्यार्थी खुले में ग्रीन नेट के नीचे बैठकर विद्या ग्रहण करते है जिससे विद्यार्थियों को कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है। संस्थान की और से होने वाले भवन निर्माण से बालोतरा शहर के साथ साथ ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले विद्यार्थियों को इससे बहुत फायदा होगा। संस्थान ने सरकारी विभाग से निवेदन किया है कि जल्द से जल्द भवन निर्माण की स्वीकृति प्रदान करें ताकि जल्द भवन निर्माण कार्य करवाकर विधालय को सुपुर्द किया जा सके। स्कूल की इमारत निर्माण का कार्य 8.67 करोड़ रुपये की लागत से होना है। निर्माण कार्य के तहत विद्यालय में 44,000 स्क्वायर फीट क्षेत्र में बनने वाले 3 मंजिला भवन निर्माण जिसमें कक्षा कक्ष, कंप्यूटर कक्ष, पुस्तकालय, भौतिकी रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान लेब, प्रधानाचार्य कार्यालय, शिक्षक कार्यालय, बरामदे, शौचालय निर्माण कार्य किया जाएगा। विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार स्कूल में जिन सुविधाओं की कमी है, उन्हें देखते हुए विभाग ने यह कार्य योजना तैयार की है। जिसके तहत मन्दिर संस्थान द्वारा गोद लेकर अब नई इमारत बनाकर  सौंद्रीयकरण कर उनमें सुविधाओं में बढ़ोतरी से शीघ्र ही आपको विद्यालय की सूरत बदली हुई नजर आएगी। इस दौरान संस्थान समिति सदस्य कुंवर हरिश्चंद्रसिंह जसोल, सूरजभान सिंह दांखा, विद्यालय कमेटी अध्यक्ष देवीसिंह कितपाला, पूर्व नगर परिषद सभापति रतनलाल खत्री, सेवानिवृत भू-अभिलेख निरीक्षक घनश्यामसिंह शेखावत, संस्थान प्रबंधक जेठूसिंह मौजूद रहे।

गुरुवार, 14 सितंबर 2023

बालोतरा से पचपदरा मुख्य मार्ग का होगा सौंदर्यकरण,6 लेन और 25 मीटर चौड़ा होगा मुख्य मार्ग।




बालोतरा शहर में यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने हेतु जिला कलक्टर राजेंद्र विजय की अध्यक्षता में बैठक का आयोजन किया गया।
बैठक में उपखंड अधिकारी राजेश कुमार, नगर परिषद आयुक्त मघराज डूडी, पचपदरा तहसीलदार इमरान खान, सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता मुकेश जोशी, नगर परिषद के अधीक्षण अभियंता योगेश शर्मा उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान जिला कलक्टर राजेंद्र विजय ने पचपदरा से बालोतरा शहर में नगर परिषद तक 8.5 किलोमीटर सड़क मार्ग के विकास करने के संबध में चर्चा करते हुए बताया कि शहर के इस 8.5 किलोमीटर मुख्य मार्ग को 6 लेन तथा 25 मीटर चौड़ा कर विकास किया जाएगा। साथ ही पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए वृक्षारोपण भी किया जाएगा। जिला कलेक्टर ने रिडकोर, नगर परिषद और सार्वजनिक निर्माण विभाग को सामंजस्य स्थापित कर रोडमेप तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने इस मुख्य मार्ग के आस पास किए गए अतिक्रमण को हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने मुख्य मार्ग जीरो सेट पर हो रहे स्थायी निर्माण को तुरंत हटाने के निर्देश दिये।गौर तलब है कि बालोतरा से पचपदरा मेगा हाईवे पर जो पंजाब को कांडला बंदरगाह से जोड़ता है,इसलिए इस हाईवे पर रोजाना सैकड़ो की संख्या में भारी वाहनों की आवाजाही लगी रहती है,वही बालोतरा कस्बे व रिफाईनरी के बीच सुबह व शाम के समय मजदूरों व इंजीनियरों को लाने ले जाने वाले वाहन,निर्माण कार्यो में लगे भारी वाहन और बालोतरा-जोधपुर सड़क मार्ग पर चलने वाले निजी बसे की आवाजाही बनी रहती है,इस कारण इस मार्ग पर ट्रैफिक दबाव ज्यादा होने से हर समय दुर्घटना की संभावना बनी रहती है।बालोतरा पचपदरा के 6 लेन को लेकर बन रही कार्य योजना को लेकर लोगो मे भी काफी उत्साह है।

सोमवार, 11 सितंबर 2023

पेड़- पौधों के बिना मानव जीवन की कल्पना नहीं - हरिश्चंद्र सिंह


जसोल- पेड़ पौधे मानव जीवन का अभिन्न अंग है। बिना पेड़- पौधों के मानव जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती। ये बात कुंवर हरिश्चंद्र सिंह जसोल ने आजादी के अमृत महोत्सव पर श्री राणी भटियाणी मन्दिर संस्थान जसोल की और से एमबीआर राजकीय महाविद्यालय में सघन वृक्षारोपण कार्यक्रम के शुभारंभ के दौरान कही। इस कार्यक्रम के माध्यम से संबोंधित करते हुए कहा कि हम सभी को पर्यावरण सरंक्षण हेतु छोटे-छोटे प्रयास करने चाहिए हमारे इन्ही प्रयासों से भविष्य में पर्यायवरण सरंक्षण संभव है। अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) जेतमालसिंह राठौड़ ने कहा कि जिले के भामाशाह प्रदेश में सबसे ज्यादा सहभागिता निभा रहे हैं। शिक्षा के क्षेत्र में योगदान करने वाले भामाशाहों को अब उच्च सम्मान मिल रहा है। श्री राणी भटियाणी संस्थान अध्यक्ष रावल किशन सिंह जसोल के मार्गदर्शन में ट्रस्ट ने शिक्षा के क्षेत्र में सराहनीय कार्य किया है। उन्होंने कहा कि रावल साहब का मानना है कि समाज हमें बहुत कुछ देता है। सक्षम होने पर व्यक्ति का दायित्व बनता है कि वे भी समाज के लिए कुछ ऐसा करें कि प्ररेणा बन जाए। इसी भावना को लेकर मन्दिर संस्थान ने जिले में विद्यालय की तस्वीर को बदलने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में दानदाताओं द्वारा विधालयो व शिक्षण संस्थाओं में भौतिक विकास एवं अन्य संसाधन उपलब्ध करवाकर जो सहयोग मिल रहा है वो उन बालको के भविष्य को सँवारता है। इसी के तहत आज जयपुर में संस्थान को शिक्षा भूषण अवार्ड से नवाजा गया| राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (बालोतरा) के कनिष्क अभियंता भल्लाराम ने कहा कि अगर मानव को बचाना है तो हमें पौधे लगाना अति- आवश्यक होगा एवं उनकी देखभाल करना हमारा फर्ज बनता है। पौधे रहेंगे तो मानव रहेगा, जीव जंतु भी रहेंगे नहीं तो पर्यावरण संरक्षण खत्म हो जाएगा, इसलिए हमें पर्यावरण सरंक्षण को महत्व देते हुए हर घर में पौधा लगाकर क्षेत्र को हरा-भरा बनाकर खुशहाल करना है। साथ ही मानव जीवन के बारे में विचार करते हुए पौधों को महत्व दें। एमबीआर महाविद्यालय प्राचार्य हरदानराम ने सभी अतिथियों का आभार जताया और कहा कि हमारे छोटे से निवेदन पर मन्दिर संस्थान ने सहयोग किया। इस दौरान मोहनसिंह बुड़ीवाड़ा, ऊदयसिंह, गुलाबसिंह डंडाली, गणपतसिंह सिमालिया, हड़मतसिंह नौसर, प्रवीणसिंह टापरा, स्वरूपसिंह जागसा, जोगसिंह असाड़ा, मोहन भाई पंजाबी मौजूद रहे।
जसोलधाम का हुआ राज्य स्तर पर सम्मान- 
सरकारी स्कूलों में नवाचार में श्री राणी भटियाणी मन्दिर संस्थान ने अपनी एक अमिट छाप छोड़ी है। जिसको लेकर बिरला ऑडिटोरियम जयपुर में आयोजित हुए राज्य स्तरीय भामाशाह सम्मान समारोह में संस्थान को शिक्षा भूषण अवार्ड शिक्षा मंत्री डॉ बीड़ी कल्ला द्वारा सम्मानित किया गया। मन्दिर संस्थान ने समाज के उस तबके के उत्थान के लिए कार्य किया जो हमेशा से वंचित रहा है। मन्दिर संस्थान ने जिले में विद्यालयों की तस्वीर को बदलने का कार्य किया। शिक्षा के क्षेत्र में विधालयों व शिक्षण संस्थाओं में भौतिक विकास एवं अन्य संसाधन उपलब्ध करवाकर जो सहयोग किया है जिससे बालको के भविष्य को सँवारता है। साथ ही उनको विधालयों में जरूरत की सामग्री देकर विधालयो के विकास की अवरुद्ध यात्रा को फिर से शुरू करने का कार्य किया।
छात्रवृत्ति योजना परीक्षा 17 को- 
श्री राणी भटियाणी मन्दिर संस्थान व स्प्रिंग बोर्ड एकेडमी जयपुर के संयुक्त प्रयासों से शुरू की गई शत प्रतिशत छात्रवृत्ति योजना के आवेदन की अंतिम तिथि समाप्त हो गई। अब 17 सितम्बर को प्रवेश परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है। छात्रवृत्ति योजना को लेकर आयोजित होने वाली परीक्षा में भारत व राजस्थान का इतिहास, मालाणी एवं सिवांची क्षेत्र का इतिहास, राजव्यवस्था, भूगोल, सामान्य विज्ञान के साथ निबंध लेखन से सम्बंधित प्रश्नों का समावेश होगा। योजना में भाग ले रहे सभी विद्यार्थी इन विषयों का अध्ययन कर उत्कृष्ट परीक्षा देकर लाभ ले सकते है।
मिर्गी, पेट व लिवर रोग शिविर 22 से- 
श्री राणी भटियाणी मन्दिर संस्थान जसोलधाम में 22 व 23 सितम्बर को मिर्गी रोग, पेट व लिवर रोग शिविर का आयोजन किया जा रहा है। संस्थान के द्वारा आयोजित हो रहे शिविर में मिर्गी रोग विशेषज्ञ डॉ. चतुर्भुज सिंह जसोल व पेट और लिवर रोग विशेषज्ञ डॉ नितिन पटेल अपनी सेवा देंगे। उक्त रोगों से सम्बंधित मरीज पहले पंजीकरण संस्थान दूरभाष नंबर 92165-96950 पर करवा कर रोगों सम्बन्धी चिकित्सा एवं परामर्श की जानकारी प्राप्त कर सकते है|

शनिवार, 25 मार्च 2023

नंगे पांव की तपस्या के बाद जसोल माँ को विधायक प्रजापत ने नवाया शीशनवरात्रा पर्व के चौथे दिन मंदिर परिसर में किया गया माँ कूष्मांडा का पूजन

 
जसोल- जिले की सौगात के बाद पचपदरा विधायक मदन प्रजापत जसोल माँ के दरबार पहुंचे। जंहा उन्होंने जगतजननी श्री माता राणी भटियाणी, श्री बायोसा, श्री सवाईसिंह, श्री लाल बन्नासा, श्री खेतलाजी व श्री भेरुजी की पूजा अर्चना की। ओर राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के दीर्घायु व प्रदेश के खुशहाली की कामना की। विधायक प्रजापत के जसोलधाम में पहुँचने पर श्री राणी भटियाणी मन्दिर संस्थान की ओर से स्वागत किया गया। इस दौरान संस्थान सदस्य कर्नल शंभूसिंह देवड़ा से शिष्टाचार भेंट की। विधायक प्रजापत ने कहा कि विधानसभा में बजट से पहले में माता राणी भटियाणी का आशीर्वाद लेते हुए रवाना हुआ। जसोल माँ की कृपा से मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जो सौगात दी है। जिसके बाद क्षेत्र में लोग खुशी मना रहे है। उन्होंने कहा कि मैने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से जो मांगा वह मिला और जिले की सौगात देकर समूचे मालाणी क्षेत्र को गौरवान्वित कर दिया। जसोलधाम में माता के दर्शनों के बाद मन माँ के प्रति जुड़ गया। और रावल साहब के सानिध्य में जो विकास हो रहा है। वो अपने आपको क्षेत्र के साथ जोड़ रहा है। ओर लाखो की संख्या में आने वाले माता राणी के भक्तों की आस्था का केंद्र जसोलधाम का नजारा खूबसूरती से भरा हुआ है। और जसोल धाम की एक अलग ही पहचान है। संस्थान सदस्य कर्नल शंभूसिंह देवड़ा ने कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने क्षेत्र वासियों को बालोतरा को जिला बनाते हुए विकास के नए आयाम के साथ जोड़ा है। और आपके 13 महीनों की नंगे पांव चलने की तपस्या का परिणाम है कि बालोतरा के साथ प्रदेश में जिला बनने की बौछार कर दी। इस दौरान फतेहसिंह, कुँवर हरिश्चंद्रसिंह, गजेंद्रसिंह जसोल, गुलाबसिंह, जगदीशसिंह, जितेंद्रसिंह डंडाली, पुंजराजसिंह वरिया, हड़मतसिंह नौसर, मांगुसिंह जागसा, गणपतसिंह सिमालिया, लालसिंह, रणवीरसिंह, जोगसिंह, भूपतसिंह, त्रिभुवनसिंह असाड़ा, सुमेरसिंह डाभड़, बालोतरा प्रधान भगवतसिंह, जसोल सरपंच ईश्वरसिंह, रतन खत्री, दिनेश प्रजापत बालोतरा, मूलाराम माली, प्रवीण जैन, तरुण जैन, कांतिलाल जैन जसोल सहित गणमान्य लोग मौजूद रहे|
नवरात्रि के चौथे दिन मंदिर में हुई पुजा अर्चना - नवरात्रि के चौथे दिन मंदिर परिसर में विधि-विधान से माँ कूष्मांडा की पूजा की गई व विश्व कल्याण की कामना करते हुए आहुतियाँ दी गई| नवरात्रि के चौथे दिन माँ दुर्गा के चतुर्थ स्वरूप कूष्मांडा की पूजा का विधान है इनकी मंद हंसी से ही ब्रह्माण्ड का निर्माण होने के कारण इंका नाम कूष्मांडा पड़ा. माँ कूष्मांडा की आठ भुजाएँ है, वे इनमें धनुष, बाण, कमल, अमृत, चक्र, गदा और कमण्डल धारण करती है. माँ के आठवें हाथ में माला सुशोभित रहती है|